Tuesday, 3 November 2026

कविता. ६०३१ उजालों से आस की कहानी।

                         उजालों से आस की कहानी।

उजालों से आस की कहानी अक्सर सबेरे की निशानी देती है लम्हों को अल्फाजों की दुनिया उमंग दिलाकर जाती है खयालों को‌ अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर तरानों की सरगम देती है धाराओं को उम्मीदों की रोशनी सपना‌ दिलाकर जाती है लहरों को अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर एहसासों की पुकार देती है किनारों को आशाओं की महफिल अदा दिलाकर जाती है राहों को अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर अंदाजों की सुबह देती है अफसानों को कदमों की सौगात तलाश दिलाकर जाती है जज्बातों को अरमान दिलाती है। 

उजालों से आस की कहानी अक्सर दास्तानों की नजारा देती है लम्हों को एहसासों की कोशिश सोच दिलाकर जाती है इरादों को अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर सपनों की सरगम देती है आवाजों को धाराओं की अहमियत पहचान दिलाकर जाती है अदाओं को अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर अल्फाजों की राह देती है कदमों को लहरों की आहट अफसाना दिलाकर जाती है दिशाओं को अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर किनारों की समझ देती है धाराओं को उम्मीदों की सौगात बदलाव दिलाकर जाती है नजारों को अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर इरादों की पहचान देती है किनारों को सपनों की परख अंदाज दिलाकर जाती है दास्तानों को अरमान दिलाती है।

उजालों से आस की कहानी अक्सर आशाओं की सोच देती है अल्फाजों को राहों की अहमियत मुस्कान दिलाकर जाती है तरानों को अरमान दिलाती है।



No comments:

Post a Comment

कविता. ६०३१ उजालों से आस की कहानी।

                         उजालों से आस की कहानी। उजालों से आस की कहानी अक्सर सबेरे की निशानी देती है लम्हों को अल्फाजों की दुनिया उमंग दिलाकर...