Wednesday, 15 April 2026

कविता. ५८४३. दिशाओं की अहमियत अक्सर।

                        दिशाओं की अहमियत अक्सर।

दिशाओं की अहमियत अक्सर अंदाजों संग पुकार सुनाती है इशारों को अदाओं की सरगम से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर किनारों संग कोशिश सुनाती है बदलावों को धाराओं की सुबह से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर नजारों संग अरमान सुनाती है लहरों को किनारों की दास्तान से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर उजालों संग उम्मीद सुनाती है अरमानों को लम्हों की महफिल से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर खयालों संग सपना सुनाती है आवाजों को कदमों की सौगात से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर जज्बातों संग तराना सुनाती है एहसासों को राहों की लहर‌ से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर लम्हों संग मुस्कान सुनाती है अंदाजों को सपनों की उम्मीद से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर आशाओं संग आस सुनाती है धाराओं को उजालों की सोच से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर कदमों संग उमंग सुनाती है खयालों को इशारों की समझ से अफसाना देकर जाती है।

दिशाओं की अहमियत अक्सर बदलावों संग सरगम  सुनाती है नजारों को आशाओं की पहचान अफसाना देकर जाती है।


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