Tuesday, 28 April 2026

कविता. ५८५६. किनारों की कोशिश अक्सर।

                        किनारों की कोशिश अक्सर।

किनारों की कोशिश अक्सर मुस्कान दिलाती है अरमानों को एहसासों की सुबह अफसाना दिलाती है लम्हों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर आवाज दिलाती है धाराओं को नजारों की पहचान इरादा दिलाती है खयालों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर दास्तान दिलाती है जज्बातों को बदलावों की उमंग अल्फाज दिलाती है तरानों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर उम्मीद दिलाती है अंदाजों को सपनों की आवाज अहमियत दिलाती है नजारों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर जज्बात दिलाती है कदमों को अदाओं की आस पुकार दिलाती है दास्तानों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर लहर‌ दिलाती है आशाओं को दिशाओं की कहानी उम्मीद दिलाती है बदलावों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर तलाश दिलाती है उजालों को आशाओं की महफिल सोच दिलाती है सपनों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर रोशनी दिलाती है खयालों को तरानों की सरगम परख दिलाती है उजालों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर पुकार दिलाती है उम्मीदों को इशारों की अहमियत तलाश दिलाती है आवाजों की आहट देकर जाती है।

किनारों की कोशिश अक्सर अंदाज दिलाती है सपनों को अफसानों की रोशनी खयाल दिलाती है अल्फाजों की आहट देकर जाती है।




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कविता. ५८५६. किनारों की कोशिश अक्सर।

                        किनारों की कोशिश अक्सर। किनारों की कोशिश अक्सर मुस्कान दिलाती है अरमानों को एहसासों की सुबह अफसाना दिलाती है लम्हों ...