Wednesday, 29 July 2026

कविता. ५९४४ एक उजाले संग।

                                 एक उजाले संग।

एक उजाले संग आशाओं की महफिल सपना दिलाती है दिशाओं को अंदाजों की पहचान सरगम दिलाती है धाराओं को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग जज्बातों की रोशनी कोशिश दिलाती है अफसानों को कदमों की सौगात बदलाव दिलाती है तरानों को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग इरादों की सुबह खयाल दिलाती है किनारों को खयालों की महफिल कोशिश दिलाती है लम्हों को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग आवाजों की धून एहसास दिलाती है अंदाजों को सपनों की अहमियत कहानी दिलाती है आशाओं को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग नजारों की आस लहर दिलाती है लम्हों को धाराओं की समझ अफसाना दिलाती है राहों को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग अरमानों की परख उमंग दिलाती है इशारों को एहसासों की आवाज बदलाव दिलाती है सपनों को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग धाराओं की समझ बदलाव दिलाती है लहरों को अरमानों की रोशनी मुस्कान दिलाती है नजारों को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग राहों की अहमियत सोच दिलाती है आशाओं को अल्फाजों की दुनिया आवाज दिलाती है किनारों को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग दास्तानों की आवाज तलाश दिलाती है तरानों को इशारों की समझ एहसास दिलाती है अदाओं को उम्मीद दिलाती है।

एक उजाले संग अफसानों की सौगात कोशिश दिलाती है कदमों को धाराओं की आहट सुबह दिलाती है खयालों को उम्मीद दिलाती है।


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कविता. ५९४४ एक उजाले संग।

                                 एक उजाले संग। एक उजाले संग आशाओं की महफिल सपना दिलाती है दिशाओं को अंदाजों की पहचान सरगम दिलाती है धाराओं क...